उपभोक्ता अधिकार Consumer Rights
परीक्षा की तैयारी हेतु एक संपूर्ण और स्व-निहित शिक्षण मॉड्यूल
बाज़ार में उपभोक्ता
Consumer in the Marketplace
बाज़ार में हमारी भागीदारी उत्पादक (कृषि, उद्योग, या सेवा क्षेत्र) और उपभोक्ता (वस्तुओं या सेवाओं को खरीदने वाले) दोनों रूपों में होती है।
अकेला उपभोक्ता प्रायः कमजोर स्थिति में होता है, इसलिए नियमों और विनियमों की आवश्यकता है।
बाज़ार में शोषण के प्रकार
कम वजन तौलना
अनुचित व्यापार
अप्रकट शुल्क
छुपे हुए charges
मिलावटी वस्तुएँ
दोषपूर्ण उत्पाद
बाज़ार कब ठीक से काम नहीं करता?
- उत्पादक शक्तिशाली और कम संख्या में
- उपभोक्ता बिखरे हुए
- समृद्ध कंपनियाँ मीडिया के माध्यम से गलत सूचना देती हैं
उपभोक्ता आंदोलन
Consumer Movement
भारत में उपभोक्ता आंदोलन का जन्म सामाजिक बल के रूप में, अनैतिक और अनुचित व्यवसाय कार्यों से उपभोक्ताओं के हितों की रक्षा करने की आवश्यकता के साथ हुआ।
व्यवस्थित उदय
- • अत्यधिक खाद्य कमी
- • जमाखोरी और कालाबाजारी
- • खाद्य पदार्थों में मिलावट
संगठित गतिविधियाँ
- • आलेखों का लेखन
- • प्रदर्शनियों का आयोजन
- • उपभोक्ता दल बनाना
- • राशन दुकानों पर नज़र
COPRA पारित
उपभोक्ता सुरक्षा अधिनियम, 1986 – आंदोलन की सबसे बड़ी सफलता
उपभोक्ता इंटरनेशनल (Consumer International)
- 1985 में संयुक्त राष्ट्र ने उपभोक्ता सुरक्षा के दिशा-निर्देश अपनाए
- 100 से अधिक देशों के 200 संस्थाओं का संरक्षक संगठन
उपभोक्ता सुरक्षा अधिनियम (COPRA)
Consumer Protection Act
COPRA 1986
Consumer Protection Act
यह कानून उपभोक्ताओं को शोषण से बचाने और उन्हें अधिकार प्रदान करने के लिए बनाया गया।
COPRA संशोधन 2019 – नई विशेषताएँ
- इंटरनेट के माध्यम से खरीद भी शामिल
- सेवा प्रदाता और निर्माता दोनों ज़िम्मेदार
- दंड या जेल का प्रावधान
- तटस्थ मध्यस्थ की सहायता से निपटारा
राष्ट्रीय उपभोक्ता दिवस
भारत में 24 दिसंबर को राष्ट्रीय उपभोक्ता दिवस मनाया जाता है, क्योंकि 1986 में इसी दिन उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम पारित हुआ था।
विश्व उपभोक्ता अधिकार दिवस: 15 मार्च
उपभोक्ता अधिकार
Consumer Rights under COPRA
सुरक्षा का अधिकार
वस्तुओं और सेवाओं के बाज़ारीकरण के खिलाफ सुरक्षित रहने का अधिकार
उदाहरण: प्रेशर कुकर के सेफ्टी वॉल्व की उच्च गुणवत्ता
सूचना का अधिकार
वस्तुओं और सेवाओं के बारे में जानकारी पाने का अधिकार
जानकारी: अवयव, MRP, निर्माण तिथि, समाप्ति तिथि, निर्माता का पता
चयन का अधिकार
सेवा प्राप्त करते हुए चुनने का अधिकार
उल्लंघन: अनचाही वस्तु खरीदने का दबाव डालना
सुनवाई का अधिकार
प्रतिनिधित्व और आवाज़ उठाने का अधिकार
मंच: उपभोक्ता अदालतें और आयोग
निवारण (क्षतिपूर्ति) का अधिकार
अनुचित सौदेबाजी के विरुद्ध मुआवजा पाने का अधिकार
प्रक्रिया: स्वयं या वकील के साथ शिकायत दर्ज करना
उपभोक्ता शिक्षा का अधिकार
अधिकारों और उपायों के बारे में जानकारी प्राप्त करने का अधिकार
उद्देश्य: जागरूक और समझदार उपभोक्ता बनना
केस स्टडीज़
रेजी का कष्ट – सुरक्षा का अधिकार
केरल के छात्र रेजी मैथ्यू को टॉन्सिल ऑपरेशन के दौरान अनुचित बेहोशी के कारण दिमागी असामान्यता हुई।
राज्य समिति:
मामला खारिज
राष्ट्रीय समिति:
अस्पताल को दोषी पाया, हर्जाना देने का निर्देश
अबिरामी – चयन का अधिकार
छात्रा ने कोचिंग संस्थान की फीस वापस माँगी जब पढ़ाई का स्तर ठीक नहीं था।
जिला आयोग:
₹28,000 वापस करने का आदेश
राज्य आयोग:
₹25,000 दंड + ₹7,000 मुआवजा
अमृता – सूचना का अधिकार (RTI)
स्नातक अमृता ने RTI (अक्टूबर 2005) का प्रयोग करके सरकारी विभाग से अपने इंटरव्यू का परिणाम माँगा।
परिणाम: नियुक्ति का बुलावा पत्र प्राप्त हुआ
त्रि-स्तरीय न्यायिक तंत्र
Three-Tier Judicial System
| स्तर | नाम | दावे की सीमा |
|---|---|---|
| जिला | जिला उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग | ₹1 करोड़ तक |
| राज्य | राज्य उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग | ₹1 करोड़ से ₹10 करोड़ |
| राष्ट्रीय | राष्ट्रीय उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग | ₹10 करोड़ से ऊपर |
अपील प्रक्रिया
जिला स्तर
प्रथम शिकायत
राज्य स्तर
अपील
राष्ट्रीय स्तर
अंतिम अपील
शिकायत दर्ज करने के तरीके
शारीरिक रूप से
उपभोक्ता केंद्र में जाकर
इंटरनेट
ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग
दूरस्थ सुनवाई
ISI, Agmark और Hallmark
Quality Certification Marks
आई.एस.आई.
Indian Standards Institute
उत्पाद: इलेक्ट्रिकल उपकरण, LPG सिलेंडर, सीमेंट
एगमार्क
Agricultural Marketing
उत्पाद: कृषि उत्पाद, खाद्य तेल, मसाले, शहद
हॉलमार्क
Precious Metals
उत्पाद: सोना, चाँदी के आभूषण
अनिवार्य प्रमाणन वाले उत्पाद
जो उत्पाद उपभोक्ता की सुरक्षा और स्वास्थ्य को प्रभावित करते हैं:
जागरूक उपभोक्ता बनें
Become an Aware Consumer
अपने अधिकारों के प्रति सचेत रहने से उपभोक्ता अच्छे और बुरे में फर्क करने और श्रेष्ठ चुनाव करने में सक्षम होते हैं।
खरीदते समय ध्यान दें
- MRP (अधिकतम खुदरा मूल्य) जाँचें
- निर्माण और समाप्ति तिथि देखें
- ISI/Agmark/Hallmark चिह्न खोजें
- बिल/रसीद अवश्य लें
अपने अधिकारों को जानें
- MRP से कम दाम पर मोल-भाव करें
- MRP से अधिक पर शिकायत करें
- दोषपूर्ण वस्तु पर मुआवजा माँगें
- अनचाही खरीद के दबाव को मना करें
महत्वपूर्ण संसाधन
केंद्रीय सरकार
https://consumeraffairs.nic.in
CUTS International
www.cuts-international.org
उपभोक्ता संगठन
भारत में उपभोक्ता आंदोलन ने कई महत्वपूर्ण संगठनों को जन्म दिया है:
उपभोक्ता अदालतें
उपभोक्ता संरक्षण परिषद
उपभोक्ता संस्थाएँ
मुख्य बिंदु – सारांश
Key Points Summary
उपभोक्ता आंदोलन
- • 1960s में व्यवस्थित उदय
- • 1986 में COPRA पारित
- • 2019 में संशोधन
- • 24 दिसंबर – राष्ट्रीय उपभोक्ता दिवस
6 अधिकार
- • सुरक्षा का अधिकार
- • सूचना का अधिकार
- • चयन का अधिकार
- • सुनवाई का अधिकार
- • निवारण का अधिकार
- • उपभोक्ता शिक्षा का अधिकार
त्रि-स्तरीय तंत्र
- • जिला: ₹1 करोड़ तक
- • राज्य: ₹1-10 करोड़
- • राष्ट्रीय: ₹10 करोड़+
- • अपील की सुविधा
गुणवत्ता चिह्न
- • ISI – इलेक्ट्रिकल उपकरण
- • Agmark – कृषि उत्पाद
- • Hallmark – सोना/चाँदी
- • कुछ उत्पादों के लिए अनिवार्य
जागरूक उपभोक्ता बनकर हम अपने अधिकारों की रक्षा कर सकते हैं और उपभोक्ता आंदोलन को मजबूत बना सकते हैं।